
झाबुआ नगर के मनकामेश्वर महादेव मंदिर समिति के तत्वाधान में आज गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर श्रावण मास की शिव महापुराण प्रारंभ हुई
श्री राम भजन सिंह जी के द्वारा शिव पुराण का महत्व बताते हुए कहा कि शिव पुराण एक प्रमुख तथा सुप्रसिद्ध पुराण है जिसमें परात्पर्य पर ब्रह्म परमेश्वर शिव कल्याणकारी स्वरूप का तात्विक विवेचन है रहस्य महिमा एवं उपासना का स विस्तृत वर्णन है शिव पुराण स्वयं शिव का अंश है भगवान शिव मंत्र पौराणिक देवता ही नहीं अपितु हुए पांच देवों में प्रधान अनाड़ी सिद्ध परमेश्वर है एवं निगमगम आदि सभी शास्त्रों में महिमा मंदिर महादेव है वेदों ने इस परम तत्व को अव्यक्त अजन्मा सबका कारण विश्व प्रपंच का रास्ता पालक एवं संभर्क का कर उनका गुणांक किया है
श्री सनक जी ने जब पूछा है महा ज्ञानी सूट जी आप संपूर्ण सिद्धांतों के ज्ञाता है प्रभु मुझे पुराने की कथाओं के सार तत्व का विशेष स्वरुप से वर्णन कीजिए ज्ञान और वैराग्य सहित भक्ति से प्राप्त होने वाले विवेक की वृद्धि कैसे होती है तब महा ज्ञानी सूट जी के द्वारा कहा गया कि शिव पुराण ही आपके इन सभी प्रश्नों का एकमात्र उत्तर है इसके श्रवण मात्र से ही व्यक्ति शिवधाम का अधिकारी हो जाता है और सभी पापों से मुक्त होकर शिव धाम प्राप्त करता है










